रिंगनोद/जावरा (रतलाम)
देश में सामाजिक सौहार्द और धार्मिक सम्मान का संदेश देते हुए रिंगनोद के मुस्लिम समाज ने गौमाता के संरक्षण और सम्मान के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की है। शुक्रवार को ग्राम रिंगनोद के मुस्लिम समाज के लोगों ने एकजुट होकर रिंगनोद थाना पहुंचकर थाना प्रभारी आनंद सिंह आजाद के माध्यम से माननीय राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में गौमाता को राष्ट्रीय पशु घोषित करने, गौ हत्या और गौ तस्करी पर देशभर में सख्त कानून लागू करने तथा गौ संरक्षण को राष्ट्रीय स्तर पर प्राथमिकता देने की मांग की गई।
मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि गौमाता करोड़ों भारतीयों की आस्था और श्रद्धा का केंद्र है। ऐसे में जिस प्रकार बाघ को राष्ट्रीय पशु का दर्जा प्राप्त है, उसी प्रकार गौमाता को भी राष्ट्रीय पशु घोषित किया जाना चाहिए। ज्ञापन में मांग की गई कि गौ हत्या, गौ तस्करी और गायों के साथ अमानवीय व्यवहार करने वालों के खिलाफ कठोर दंड का प्रावधान किया जाए तथा ऐसे मामलों के त्वरित निराकरण के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित किए जाएं।
ज्ञापन में जावरा की ऐतिहासिक गंगा-जमुनी संस्कृति का भी उल्लेख किया गया। समाजजनों ने कहा कि जावरा नवाबी रियासत का हिस्सा रहा है, जहां वर्षों से हिंदू-मुस्लिम एकता और भाईचारे की मिसाल कायम है। यहां प्राचीन शंकर मंदिर और जामा मस्जिद एक-दूसरे के समीप स्थित हैं, जहां मंदिर की घंटियों और मस्जिद की अजान की आवाज एक साथ सुनाई देती है। समाज ने यह भी याद दिलाया कि जावरा के नवाब इफ्तिखार अली खान बहादुर ने गौशाला निर्माण और गोचर भूमि दान कर गौ सेवा की मिसाल पेश की थी।
मुस्लिम समाज ने पश्चिम बंगाल के नेता शुभेंदु अधिकारी के कथित बयान का विरोध करते हुए कहा कि बूढ़ी गाय भी उतनी ही सम्माननीय है जितनी युवा गाय। समाज के लोगों ने सवाल उठाया कि जब कोई व्यक्ति अपनी वृद्ध मां का सम्मान करता है तो वृद्ध गौमाता की उपेक्षा क्यों की जाए। उन्होंने कहा कि गौ सेवा और संरक्षण केवल धार्मिक नहीं बल्कि मानवीय कर्तव्य भी है।
इस अवसर पर मुस्लिम समाज ने संकल्प लिया कि गांव और क्षेत्र में किसी भी प्रकार की गौ तस्करी नहीं होने दी जाएगी तथा गौशालाओं के लिए चारा, सेवा और आर्थिक सहयोग में समाज हमेशा अग्रणी भूमिका निभाएगा। समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि कुरान शरीफ भी दूसरे धर्मों की भावनाओं का सम्मान करने की शिक्षा देता है और देश की एकता तथा भाईचारे को मजबूत करने का संदेश देता है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान मस्जिद कमेटी सदर मुजफ्फर खान, ताजिया कमेटी सदर अफजल खान, ग्राम पंचायत सरपंच यूसुफ अजीज खान पठान, पूर्व सदर मोहम्मद हुसैन पठान, कमेटी सचिव फिरोज खान मेव, मुश्ताक खान मेव, सेजाद खान, मुश्ताक शाह, समीर खान, समीर शाह, जुबेर, हुसैन खान, मुन्ना खान, रईस खान, असलम मेव, मोजिम खान, रईस शाह, शाकिर खान, एजाद शाह, मुसर्रत, भय्यू शाह, सद्दाम खान, जाईद खान, मोइन खान, इमरान खान, इरफान शाह, मोहम्मद हुसैन मेव, जब्बार, कय्यूम, सोनू, अफरोज सहित बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग उपस्थित रहे।
रिंगनोद के मुस्लिम समाज की यह पहल न केवल गौ संरक्षण के प्रति जागरूकता का संदेश दे रही है, बल्कि सामाजिक सद्भाव, आपसी सम्मान और राष्ट्रीय एकता की मिसाल भी प्रस्तुत कर रही है।