रतलाम / सैलना
सैलाना नगर के मुख्य मार्ग पर मंगलवार को एक विशाल नीम का पेड़ गिरने की घटना के बाद नया विवाद खड़ा हो गया। पेड़ गिरने से क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया था और बड़ी संख्या में लोग मौके पर एकत्रित हो गए थे। इसी दौरान समाजसेवी एवं पार्षद प्रतिनिधि प्रशांत मांडोत के साथ कथित मारपीट और धमकी देने का मामला सामने आया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर नगर परिषद अध्यक्ष चैतन्य उर्फ लक्की शुक्ला के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
एफआईआर के अनुसार नेहरू मार्ग निवासी एवं व्यवसाय से दुकानदार प्रशांत मांडोत ने सैलाना थाने में दर्ज रिपोर्ट में बताया कि वह नीम का पेड़ गिरने की घटना के बाद बस स्टैंड तिराहे पर पहुंचे थे, जहां वह प्रशासनिक अधिकारियों से चर्चा कर रहे थे। इसी दौरान चैतन्य शुक्ला वहां पहुंचे और कथित रूप से गाली-गलौज करते हुए उनके साथ मारपीट की। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि आरोपी ने जान से मारने की धमकी भी दी। फरियादी ने छाती, सिर और गाल पर चोट लगने की बात कही है। साथ ही यह भी आरोप लगाया गया कि घटना के बाद आरोपी उन्हें उनकी दुकान पर तलाशते हुए भी पहुंचा था।
मामले में पुलिस थाना सैलना थाना प्रभारी पिंकी आकश नें मामले को संज्ञान में लेते हुए शिकायत दर्ज कर जांच की जिम्मेदारी आरक्षक संदीप सिंह भदौरिया को सौंपी है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच के बाद आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
इधर, मामले को लेकर सैलाना विधायक कमलेश्वर डोडियार की सोशल मीडिया पोस्ट भी चर्चा का विषय बनी हुई है। विधायक ने पोस्ट में समाजसेवी एवं पार्षद प्रतिनिधि प्रशांत मांडोत के साथ हुई कथित मारपीट की निंदा करते हुए कहा कि सार्वजनिक पद पर बैठे व्यक्ति द्वारा इस प्रकार का व्यवहार लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है। उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष कार्रवाई की अपेक्षा भी जताई।
घटना के बाद नगर की राजनीतिक और सामाजिक हलचल तेज हो गई है। वहीं, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
रिपोर्टर : जितेन्द्र कुमावत