|
सोशल मीडिया पर प्रसारित खबरों को बताया भ्रामक तत्काल प्राथमिक उपचार के बाद अब खतरे से बाहर है, राहुल आगर-मालवा : जिला प्रशासन आगर ने एक किसान की सुनवाई नहीं होने और उसके कलेक्टोरेट में बुधवार को जहर पी लेने सबंधी सोशल मीडिया पर प्रसारित समाचारों को भ्रामक, तथ्यहीन और आधारहीन बताया है। इस संबंध में संयुक्त कलेक्टर श्री मिलिन्द ढ़ोके ने बताया कि कानड़ के सनावदा निवासी किसान राहुल पिता अंतरसिंह का कृषि भूमि का लेकर पारिवारिक विवाद चल रहा था। इसके संबंध में राहुल ने पुलिस थाना कानड़ में रिपोर्ट भी दर्ज करवाई थी। मुख्यत: पारिवारिक विवाद होने के कारण पुलिस थाना कानड द्वारा संबंधित परिवार के लोगों पर धारा 151 ( नई धारा 170) के तहत कार्यवाही भी गत 5 अक्टूबर को की गई है। इसके बाद पुन: पाईप लाईन डालने को लेकर राहुल के बड़े पिता से उसका विवाद हो गया, इससे आहत होकर राहुल ने अपर कलेक्टर कक्ष के बाहर उनसे मिलने से पूर्व ही अपनी जेब से शीशी निकालकर उसे खोलकर जहरीला पदार्थ पीने की कोशिश की, इस पर अपर कलेक्टर स्वयं एवं स्टॉफ ने तत्काल पहुंचकर सक्रियता दिखाते हुए, राहुल के हाथों से शीशी छीन ली और उसे पानी का कुल्ला करवाया तथा तत्काल हास्पिटल ले जाकर भर्ती करवाया। संयुक्त कलेक्टर श्री मिलिन्द ढ़ोके अपने वाहन से स्वयं राहुल को जिला चिकित्सालय ले जाकर उपचार के लिये भर्ती करवाया। तत्पश्चात राहुल के परीजन के उपस्थित होने पर वे उसे कनेक्टेड केयर हॉस्पिटल आगर में उपचार के लिये ले गए। जहां उसका समुचित उपचार जारी है। सिविल सर्जन आगर डॉ. मनीष कुरील ने बताया कि कनेक्टेड केयर हॉस्पिटल में चिकित्सकों द्वारा राहुल का आवश्यक उपचार कर दवाई देदी गई है, अब वह खतरे से बाहर होकर नार्मल स्थिति में है। उल्लेखनीय है कि राहुल पिता अंतरसिंह निवासी ग्राम सनावदा के पास 2.50 बीघा भूमि है। राहुल के बड़े पिता व अन्य परिवारजनों के साथ भूमि सिंचित करने की पाइप लाइन को लेकर विवाद चल रहा था। बुधवार की दोपहर में राहुल ने जहरीला पदार्थ पीने की कोशिश की गई, इस पर संयुक्त कलेक्टर श्री मिलिन्द ढोके स्वयं अपने वाहन से राहुल को तत्काल शासकीय हॉस्पिटल में इलाज हेतु ले गए। वर्तमान में केयर हॉस्पिटल में इलाज चल रहा है। |