रतलाम/सैलाना। सात साल का संघर्ष, अथक मेहनत और खाकी वर्दी पहनने का अटूट जुनून आखिरकार रंग लाया। रतलाम जिले की सैलाना तहसील के युवा हर्ष मिश्रा ने मध्यप्रदेश पुलिस में आरक्षक (जीडी) के पद पर नियुक्ति हासिल कर अपने परिवार के साथ सैलाना और रतलाम जिले का नाम रोशन किया है। उनकी नियुक्ति का आदेश देवास जिले के पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोत द्वारा जारी किया गया है।
सैलाना निवासी हर्ष मिश्रा, पिता कमल किशोर मिश्रा, की यह उपलब्धि सात वर्षों की निरंतर मेहनत, धैर्य और लक्ष्य के प्रति समर्पण का परिणाम है। खाकी वर्दी पहनकर पुलिस विभाग में सेवा देने का सपना संजोए हर्ष ने तमाम चुनौतियों के बावजूद हार नहीं मानी और अपने प्रयास जारी रखे। आखिरकार उनकी मेहनत सफल हुई और आरक्षक पद पर नियुक्ति के साथ उनका वर्षों पुराना सपना साकार हो गया।
माता-पिता की मेहनत और संस्कारों का मिला परिणाम
हर्ष की इस सफलता को उनके माता-पिता के सहयोग, मार्गदर्शन और परिवार के प्रोत्साहन से भी जोड़कर देखा जा रहा है। पिता कमल किशोर मिश्रा सहित पूरे परिवार के लिए यह उपलब्धि गर्व और खुशी का अवसर है। नियुक्ति की खबर मिलते ही परिवार, रिश्तेदारों और शुभचिंतकों में उत्साह का माहौल है।
युवाओं के लिए बने प्रेरणा
हर्ष मिश्रा की सफलता उन युवाओं के लिए प्रेरणादायक है, जो प्रतियोगी परीक्षाओं और भर्ती प्रक्रियाओं में लगातार प्रयास करते हुए अपने लक्ष्य तक पहुंचने का सपना देखते हैं। उनकी उपलब्धि संदेश देती है कि सफलता के लिए धैर्य, अनुशासन और निरंतर मेहनत जरूरी है। सात वर्षों तक अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहकर हर्ष ने साबित किया कि कठिन रास्ते पर भी हौसला बनाए रखा जाए तो मंजिल हासिल की जा सकती है।
सैलाना के हर्ष मिश्रा अब देवास जिले में पुलिस आरक्षक के रूप में अपनी सेवाएं देंगे। उनकी इस उपलब्धि से सैलाना क्षेत्र में गौरव का माहौल है। सात साल की तपस्या, मेहनत और हौसले से मिली यह सफलता निश्चित ही अन्य युवाओं को भी अपने सपनों को पूरा करने के लिए प्रेरित करेगी।
रिपोर्टर: जितेन्द्र कुमावत