जीरन। उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार दिनांक 07/02/2026 को अंचल के ग्राम अरनिया बरौना में बाल विवाह जन जागरूकता अभियान चलाया गया। जिसमें कार्यक्रम प्रभारी डॉ. रविकांत ने ग्रामवासियों को बाल विवाह के विरुद्ध जन जागरूकता अभियान के बारे में समझाया। उन्होंने कहा कि 27 नवंबर 2025 से इस अभियान का शुभारंभ हुआ है और 8 मार्च को इस अभियान को समाप्त किया जाएगा। इस अभियान के तहत भारत को बाल विवाह मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है। क्योंकि पीढ़ियों से भारत मे बाल विवाह की परंपरा रही है। और आज भी कुछ क्षेत्रों में यह प्रचलन में है बाल विवाह एक कुप्रथा है इससे मानसिक और शारीरिक नुकसान होता है साथ ही यह सामाजिक बुराई भी है । इसी क्रम में रवीना दशोरा ने ग्राम वासियों को बताया कि बाल विवाह मुक्त भारत क्यों जरूरी है। है। साथ ही उन्होंने कहा कि हम सबको मिलकर भारत को बाल विवाह मुक्त बनाना है। ग्राम वासियों ने भी शपथ ली कि हम अपने बच्चों का बाल विवाह नहीं करेंगे और न ही गाँव में बाल विवाह होने देंगे।
जीरन। उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार दिनांक 07/02/2026 को अंचल के ग्राम अरनिया बरौना में बाल विवाह जन जागरूकता अभियान चलाया गया। जिसमें कार्यक्रम प्रभारी डॉ. रविकांत ने ग्रामवासियों को बाल विवाह के विरुद्ध जन जागरूकता अभियान के बारे में समझाया। उन्होंने कहा कि 27 नवंबर 2025 से इस अभियान का शुभारंभ हुआ है और 8 मार्च को इस अभियान को समाप्त किया जाएगा। इस अभियान के तहत भारत को बाल विवाह मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है। क्योंकि पीढ़ियों से भारत मे बाल विवाह की परंपरा रही है। और आज भी कुछ क्षेत्रों में यह प्रचलन में है बाल विवाह एक कुप्रथा है इससे मानसिक और शारीरिक नुकसान होता है साथ ही यह सामाजिक बुराई भी है । इसी क्रम में रवीना दशोरा ने ग्राम वासियों को बताया कि बाल विवाह मुक्त भारत क्यों जरूरी है। है। साथ ही उन्होंने कहा कि हम सबको मिलकर भारत को बाल विवाह मुक्त बनाना है। ग्राम वासियों ने भी शपथ ली कि हम अपने बच्चों का बाल विवाह नहीं करेंगे और न ही गाँव में बाल विवाह होने देंगे।